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टेंडर विवाद : पंचायत समिति में ठेकेदार से दस्तावेज छीने

नागौर पंचायत समिति कार्यालय में सोमवार को ग्राम पंचायतों में सामग्री आपूर्ति को लेकर हो रही टेंडर प्रक्रिया के दौरान विवाद खड़ा हाे गया। यहां जब ई टेंडर भरे हुए कुछ ठेकेदार निविदा भरने पहुंचे तो पंचायत समिति कार्यालय में दस्तावेज छीन लिए गए। इसे लेकर पंचायत समिति कार्यालय में विवाद शुरू हो गया। जोधियासी से ठेकेदार धूड़सिंह जब ग्राम पंचायत में सामग्री आपूर्ति के लिए ई टेंडर भरने के बाद दस्तावेज व धरोहर राशि जमा करवाने पहुंचे तो उनके दस्तावेज छीन लिए गए।

ठेकेदार ने बताया कि पंचायत के सरपंच प्रतिनिधि द्वारा कार्यालय में सबके सामने उनसे यह दस्तावेज छीन लिए। सोमवार को नागौर पंचायत समिति की 40 ग्राम पंचायतों में मटेरियल सप्लाई को लेकर दोपहर 1 बजे तक निविदा आमंत्रित की गई थी। जिसे लेकर ई टेंडर भरे सभी पंचायतों के सरपंच और कुठ ठेकेदार प्रोसिंग शुल्क, निविदा शुल्क एवं धरोहर राशि के डीडी भौतिक रूप से जमा करवाने पहुंचे थे। ठेकेदारों द्वारा टेंडर प्रक्रिया में भाग लेने को लेकर संबंधित पंचायत के सरपंच नाराज हो गए। इधर, ठेकेदार धूड़सिंह ने आरोप लगाया कि अधिकारियों की मिलीभगत टेंडर प्रक्रिया में अनियमितता बरती जा रही है।

निविदा छिपा चहेतों को टेंडर दिलाने के फिराक में सरपंच व अधिकारी : जिला परिषद सीईओ को ज्ञापन दे देवीलाल जाखड़ ने आरोप लगाया कि पंचायत समिति नागौर द्वारा सामग्री आपूर्ति के लिए निविदा निकाली गई। बीडीओ मनवीरसिंह बेनीवाल ने बताया कि ई टेंडर प्रक्रिया को लेकर निविदा शुल्क एवं धरोहर राशि के डीडी भौतिक रूप से जमा सभी की गई। किसी को जमा करने के लिए मना नहीं किया।



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